बाल दिवस पर आनंद मेला—छात्राओं की प्रतिभा और आत्मविश्वास का रंगारंग मंच

रचनात्मकता और स्वाद का संगम—छात्राओं के स्टॉलों ने बढ़ाई मेले की शान

बाल दिवस पर आनंद मेला—छात्राओं की प्रतिभा और आत्मविश्वास का रंगारंग मंच

जिला ब्यूरो मृत्युंजय सोनी - 

मनेन्द्रगढ़ - शैक्षिक संस्थाओं में समय-समय पर आनंद मेला, वार्षिकोत्सव और विभिन्न आयोजन होते रहने चाहिए, जिससे विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और नए अनुभव सीखने का अवसर मिलता है। इसी क्रम में बाल दिवस के अवसर पर शासकीय कन्या महाविद्यालय में आयोजित आनंद मेला उत्साह और उमंग का केंद्र बना।

आनंद मेला का शुभारंभ करते हुए जनभागीदारी समिति की अध्यक्ष नीलू जायसवाल ने कहा कि ऐसे आयोजन छात्राओं में आत्मविश्वास बढ़ाने, टीमवर्क का भाव विकसित करने और व्यावहारिक कौशल निखारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि आनंद मेला छात्राओं को अपनी नैसर्गिक पाक-कला का प्रदर्शन करने और साथ ही थोड़ी बहुत धनराशि अर्जित करने का अवसर देता है, जो उन्हें प्रोत्साहित करता है। संस्था प्रमुख डॉ. रामकिंकर पाण्डेय ने बताया कि महाविद्यालय में आगे भी इसी तरह के कई रचनात्मक कार्यक्रम जल्द आयोजित किए जाएंगे, जिससे छात्राओं को बहुआयामी सीख और नए अनुभव प्राप्त हों। आनंद मेला में छात्राओं ने विविध स्वादिष्ट व्यंजनों के स्टॉल लगाकर सभी का मन मोह लिया।

इस अवसर पर तमन्ना परवेज, कंचन तिवारी, हेमवती, अंशिका, सुहाना साहू, मुस्कान रजक, काजल, शिखा बर्मन, पल्लवी आदि छात्राओं ने चाय, कॉफी, चाट, इडली, ढोकला, मोमोज, भेलपूरी सहित अनेक आकर्षक स्टॉल लगाए। कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ और सभी ने छात्राओं की प्रतिभा की सराहना की।